Thursday, December 22, 2011







 मौत एक खयाल है जैसे ज़िंदगी एक खयाल है
 ना सुख है न दुख है  
 ना दीन है न दुनिया
 ना इंसान ना भगवान
 सिर्फ मै हु… मै हु… मै हु… मै… सिर्फ मै।